काशी सिंह ऐरी
नाम काशी सिंह ऐरी (Kashi Singh Airy)
जन्मतिथि 01- जून- 1953
शिक्षा बी•एस•सी , एम•एस•सी , एम•ए
जन्मस्थान धारचूला (पिथौरागढ़)


1973

  • अपनी राजनीति के शुरुवाती दिनों में काशी जी ने 1973 में जीपीजीसी पिथौरागढ़ में छात्रसंघ के उपाध्यक्ष का चुनाव लडा और जीत हासिल की।
  • 1985

  • इस वर्ष काशी सिंह ऐरी ने उत्तराखण्ड क्रांति दल के बैनर तले डीडीहाट सीट से चारु चंद्रा ओझा को हराकर उत्तरप्रदेश विधानसभा में अपना स्थान बनाया। इस वर्ष इन्हे तेईस हजार से अधिक मत प्राप्त हुए।
  • 1989

  • वर्ष 1989 में काशी जी ने एक बार फिर डीडीहाट सीट से चुनाव लडा और कांग्रेस प्रत्याशी लल्लीराम शर्मा को हराकर एक बार फिर जीत हासिल करी। इस वर्ष इन्हे उनत्तीस हजार से अधिक मत प्राप्त हुए।
  • 1993

  • इस वर्ष लगातार तीसरी बार काशी सिंह ऐरी ने डीडीहाट सीट से चुनाव लडा और कांग्रेस प्रत्याशी लीला राम शर्मा से जीत हासिल करी। इस समय इन्होंने कुल 22623 वोट हासिल किए।
  • 2002

  • उत्तराखण्ड क्रांति दल की ओर से काशी सिंह ऐरी ने कनालिच्छीना सीट से चुनाव लडा और ढाई हजार से अधिक वोटों से जीत हासिल करी।
  • 2007

  • इस वर्ष काशी सिंह ऐरी कनालिछीना सीट से अपनी राजनीति का पहला चुनाव हारे। इस वर्ष ऐरी को लगभग आठ हजार से अधिक मत प्राप्त हुए।
  • 2012

  • वर्ष 2012 में ऐरी धारचूला सीट से चुनाव लडे और उन्हें अपनी राजनीतिक करियर में लगातार दूसरी बार चुनाव में हार का सामना करना पड़ा। इस वर्ष उन्हें साढ़े छः हजार से अधिक वोट मिले।
  • 2017

  • इस वर्ष 2017 में ऐरी ने डीडीहाट सीट से चुनाव लडा पर इस बार भी ऐरी को हार का सामना करना पड़ा जिससे ऐरी लगातार तीसरी बार अपना चुनाव हार गए।

  • जीवनी

    काशी सिंह ऐरी का जन्म उत्तराखण्ड राज्य के कुमाऊं छेत्र में स्थित धारचूला में हुआ था। इनके पिता का नाम केहर सिंह और माता का नाम सुनीता देवी था। इन्होंने अपनी प्रारंभिक शिक्षा पिथौरागढ़ से ही पूरी जिसके बाद यह उच्च शिक्षा के लिए नैनीताल और फिर उत्तर प्रदेश भी गए।

    शिक्षा

    काशी सिंह ऐरी ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा बुलवाकोट से उत्तीर्ण करी, इसके बाद इन्होंने 12वीं तक की पढ़ाई राजकीय विद्यालय डीडीहाट से करी। यह अपनी ग्रेजुएशन के लिए पिथौरागढ़ गए। जहां पर इन्होंने वर्ष 1973 में विद्यार्थी परिषद में वाइस प्रेसिडेंट का चुनाव लडा और जीत हासिल करी। इन्होंने कुमाऊं यूनिवर्सिटी से एम•ए• और लखनऊ से एल•एल•बी• की भी डिग्री हासिल करी है।

    उत्तराखण्ड क्रांति दल की स्थापना

    उत्तराखंड राज्य निर्माण आंदोलन के प्रमुख नेताओं में से एक काशी सिंह ऐरी ने 25 जुलाई, 1979 को मसूरी में बिपिन चंद्र त्रिपाठी, डी. डी. पंत और इंद्रमणि बडोनी और अन्य कई नेताओं के साथ मिलकर उत्तराखंड क्रांति दल की स्थापना की।

    उन्होंने उत्तर प्रदेश विधानसभा में तीन बार डिडीहाट विधानसभा क्षेत्र से विधायक का पद भी संभाला। उत्तराखंड के राज्य बनने के बाद, वह राज्य की पहली विधानसभा में भी सदस्य रहे। ऐरी का योगदान उत्तराखंड राज्य के निर्माण में अहम रहा। उनकी नेतृत्व क्षमता और राज्य के लिए उनके समर्पण ने इस आंदोलन को सफलतापूर्वक आगे बढ़ाया।